रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर के वीआईपी रोड स्थित बीएसएस प्रणवानंद स्कूल पहुंचकर भारत माता की मूर्ति और स्कूल के संस्थापक स्वामी प्रणवानंद की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धापूर्वक नमन किया।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने स्कूल परिसर में स्थापित कल्चरल एंड हेरिटेज म्यूजियम का अवलोकन किया। स्कूल के सचिव स्वामी शिवरूपानंद जी महाराज ने उन्हें संग्रहालय का विस्तृत भ्रमण कराया और वहां प्रदर्शित ऐतिहासिक व सांस्कृतिक धरोहरों की जानकारी दी।
बच्चों को इतिहास और संस्कृति से जोड़ने की सराहना
मुख्यमंत्री साय ने संग्रहालय में प्रदर्शित स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों, ऋषि-मुनियों और महान चिंतकों से जुड़ी जानकारियों में रुचि दिखाई। उन्होंने कहा कि स्कूली बच्चों को भारत के समृद्ध इतिहास, महान व्यक्तित्वों और आध्यात्मिक परंपराओं से परिचित कराने की यह पहल सराहनीय है।
उन्होंने कहा कि भारत की सभ्यता और संस्कृति अत्यंत प्राचीन और गौरवशाली रही है, जिसे हमारे ऋषि-मुनियों और महापुरुषों ने अपने ज्ञान, तप और त्याग से समृद्ध बनाया है।
नई पीढ़ी को संस्कृति से जोड़ना जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि नई पीढ़ी को अपने इतिहास और सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़ना बेहद जरूरी है। इससे बच्चों में राष्ट्र, संस्कृति और परंपराओं के प्रति गर्व की भावना विकसित होती है।
उन्होंने कहा कि बीएसएस प्रणवानंद स्कूल द्वारा स्थापित यह संग्रहालय आने वाली पीढ़ियों को भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने का प्रेरणादायक माध्यम बनेगा।
महान विभूतियों की प्रतिमाएं स्थापित
उल्लेखनीय है कि स्कूल में भारत के महान ऋषि-मुनियों, स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और विभिन्न क्षेत्रों में योगदान देने वाले महान व्यक्तित्वों की प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं। इनमें प्रमुख रूप से:
- महर्षि वेदव्यास
- ब्रह्मर्षि विश्वामित्र
- सुश्रुत
- कणाद
- आर्यभट्ट
- रामानुजाचार्य
- स्वामी विवेकानंद
- राजा राममोहन राय
- पृथ्वीराज चौहान
- रानी लक्ष्मीबाई
- खुदीराम बोस
- महर्षि दयानंद
- भगवान बिरसा मुंडा
जैसी महान विभूतियां शामिल हैं।
मुख्यमंत्री का सम्मान
इस अवसर पर स्कूल के सचिव स्वामी शिवरूपानंद जी महाराज ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को शॉल और स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
कार्यक्रम में प्राचार्य आनन्दिता घोष, शिक्षकगण और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

