रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना प्रदेश के युवाओं को हुनर, रोजगार और आत्मनिर्भरता से जोड़ने का प्रभावी माध्यम बन रही है। योजना के तहत विभिन्न रोजगारपरक ट्रेडों में निःशुल्क प्रशिक्षण देकर युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इसी योजना का लाभ उठाकर मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले के ग्राम मोहला की निवासी नीलिमा देवांगन ने अपने जीवन को नई दिशा दी है। आज वे अपने घर से सिलाई का सफल स्वरोजगार संचालित कर परिवार की आय में महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं।
प्रशिक्षण ने बदली जिंदगी की दिशा
नीलिमा देवांगन ने जिला परियोजना लाइवलीहुड कॉलेज, मोहला में मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना के अंतर्गत सिलाई (टेलरिंग) ट्रेड का प्रशिक्षण प्राप्त किया। सहेलियों से योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने प्रशिक्षण में प्रवेश लिया और पूरी लगन से आधुनिक सिलाई तकनीक, मशीन संचालन, कटिंग, परिधान निर्माण और व्यवसाय से जुड़ी व्यावहारिक जानकारी हासिल की। विशेषज्ञ प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन ने उनके कौशल के साथ आत्मविश्वास भी बढ़ाया।
घर से शुरू किया स्वरोजगार
प्रशिक्षण पूरा होने के बाद नीलिमा ने नौकरी की प्रतीक्षा करने के बजाय स्वयं का सिलाई व्यवसाय शुरू किया। आज वे महिलाओं और बच्चों के विभिन्न प्रकार के कपड़ों की सिलाई कर रही हैं। स्वरोजगार के पहले ही महीने से उन्हें 5 से 6 हजार रुपये प्रतिमाह की नियमित आय होने लगी, जिससे परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है।
अब दूसरों को भी रोजगार देने का सपना
नीलिमा का कहना है कि मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना ने उन्हें केवल एक हुनर ही नहीं, बल्कि आत्मनिर्भर बनने का आत्मविश्वास भी दिया है। अब उनका लक्ष्य अपने सिलाई व्यवसाय का विस्तार कर अन्य महिलाओं को भी रोजगार से जोड़ना है।
मुख्यमंत्री और विभाग का जताया आभार
नीलिमा देवांगन ने अपनी सफलता का श्रेय कौशल विकास विभाग, जिला परियोजना लाइवलीहुड कॉलेज, मोहला और जिला प्रशासन को दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना ग्रामीण युवाओं के लिए रोजगार, आत्मनिर्भरता और सम्मानजनक जीवन का मजबूत आधार बन रही है। यह योजना युवाओं को हुनर के साथ आत्मविश्वास भी प्रदान कर रही है, जिससे वे अपने सपनों को साकार कर बेहतर भविष्य का निर्माण कर रहे हैं।


