कोलकाता। वक्फ कानून को लेकर पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में हिंसा का दौर लगातार जारी है। वहीं, लगातार हिंसक घटनाओं के बाद पश्चिम बंगाल में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग उठने लगी है। यहां हुई हिंसक घटनाओं में कम से कम 3 लोगों की जान चली गई थी, वहीं, कई जगहों पर वाहनों को आग लगाने और दुकानों की लूटने की भी खबरें सामने आई थी। लेकिन इस बीच टीएमसी सांसद बापी हलदर ने आग में घी डालने वाला बयान दिया है।
दरअसल सोमवार को सांसद हलदर ने कहा, जब तक मुख्यमंत्री ममता बनर्जी हैं, तब तक आपके पूर्वजनों की अमानत को बचाने की जिम्मेदारी हम पर है। यह किसी के बाप की संपत्ति नहीं है। अगर कोई भी वक्फ की संपत्ति पर नजर उठाकर भी देखेगा तो उसकी आंख निकाल लेंगे और पसलियां तोड़ देंगे। पश्चिम बंगाल बीजेपी अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने सवाल किया है कि आखिर राज्य की पुलिस हलदर के खिलाफ क्या कार्रवाई कर रही है। उन्होंने कहा कि मुर्शिदाबाद से हिंदुओं को पलायन करना पड़ रहा है। यहां कट्टरपंथी चाहते हैं कि हिंदुओं का अस्तित्व ही मिटा दिया जाए। बता दें कि मुर्शिदाबाद के सूती, धुलियान, समसेरगंज और जंगीपुरा में हुई हिंसा में कम से कम 3 लोगों की जान चली गई थी। शुक्रवार के बाद से ताजा हिंसा की कोई खबर नहीं है।
बता दें कि पश्चिम बंगाल में मुर्शिदाबाद जिले के हिंसा प्रभावित इलाकों, खासतौर पर सुती, शमशेरगंज, धुलियान और जंगीपुर में सोमवार को स्थिति शांतिपूर्ण और नियंत्रण में रही। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी। हिंसा प्रभावित इलाकों में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू है। इसके चलते संबंधित क्षेत्रों में सड़कें सुनसान दिखीं और दुकानें बंद रहीं। प्रभावित इलाकों में इंटरनेट बंद है, जबकि सुरक्षाबल मुख्य सड़कों पर वाहनों की जांच कर रहे हैं।

