जगदलपुर। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने अपने बस्तर प्रवास के दौरान रविवार को जगदलपुर स्थित अमर वाटिका पहुंचकर माओवाद के खिलाफ संघर्ष में शहीद हुए एक हजार से अधिक जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय भी मौजूद रहे।
“जवानों का बलिदान कभी व्यर्थ नहीं जाएगा” : अमित शाह
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि बस्तर की धरती पर शांति, सुरक्षा और विकास स्थापित करने में हमारे जवानों का बलिदान अविस्मरणीय है। उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा के लिए अपने प्राण न्यौछावर करने वाले वीर जवानों का त्याग कभी व्यर्थ नहीं जाएगा।
अमित शाह ने स्पष्ट कहा कि केंद्र और राज्य सरकार बस्तर में स्थायी शांति स्थापित करने, विकास को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने और माओवाद के समूल उन्मूलन के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।
शहीद जवानों के परिवारों से की मुलाकात
इस दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बीजापुर नक्सली हमले में शहीद हुए जवान कालेन्द्र प्रसाद नायक और पवन कुमार मंडावी के परिजनों से आत्मीय मुलाकात की। उन्होंने परिवार के बीच बैठकर उनका दुख साझा किया और हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया।
सुरक्षाबलों के जवानों का बढ़ाया हौसला
अमित शाह ने सुरक्षाबलों के जवानों से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया और उनके साहस व समर्पण की सराहना की।
“शहीदों का बलिदान कभी नहीं भूलेगा छत्तीसगढ़” : CM विष्णुदेव साय
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि शहीद जवानों का बलिदान छत्तीसगढ़ कभी नहीं भूलेगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार शहीद परिवारों के सम्मान, सुरक्षा और कल्याण के लिए पूरी संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि बस्तर अब शांति, विश्वास और विकास की नई दिशा में आगे बढ़ रहा है और इसमें सुरक्षाबलों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा, वन एवं पर्यावरण मंत्री केदार कश्यप, जगदलपुर विधायक किरण देव सहित कई जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।

