अहमदाबाद। आज ही के दिन एक महीने पहले गुजरात के अहमदाबाद स्थित सरदार वल्लभाई पटेल अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट के नजदीक हुए भीषण विमान हादसे में 284 लोगों की मौत हो गई थी। इनमें विमान में सवार 241 लोग जबकि दुर्घटनास्थल पर मौजूद करीब 34 लोग थी। जान गंवाने वालों में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री रूपानी भी शामिल थी। वह परिवार से मिलने लन्दन जा रहे थे और हादसे वाले विमान में सवार थे।
इस पूरे दुर्घटना में महज एक व्यक्ति विश्वास रमेश (Vishwas Ramesh) की जान बच पाई थी। वह विमान के पिछले हिस्से में बैठा हुआ था। इमारत से विमान के टकराने के बाद वह खिड़की से नीचे गिर गया और चमत्कारिक रूप से उसकी जान बच गई। भारतीय मूल के ब्रिटिश नागरिक विश्वास रमेश को घायल अवस्था में अस्पताल में दाखिल कराया गया था। हादसे के कुछ दिनों बाद विमान के दोनों ब्लैक बॉक्स को भी बरामद कर लिया गया था।
इस हादसे के जांच का जिम्मा सरकार ने AAIB को सौंपा था। वही ठीक एक महीने तक चले गहन जाँच और पड़ताल के बाद हादसे की प्रारंभिक रिपोर्ट सामने आ गई है। रिपोर्ट में हादसे की जो वजह बताई गई है वे बेहद चौंकाने वाली है।
एयर इंडिया विमान हादसे की शुरुआती जाँच रिपोर्ट में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं। ब्लैक बॉक्स के विश्लेषण से पता चला है कि उड़ान भरने के करीब 30 सेकंड बाद ही विमान के इंजन बंद हो गए थे। इसकी वजह यह थी कि इंजन में ईंधन भेजने वाले स्विच अपने आप बंद हो गए, जिससे इंजन में ताकत यानी थ्रस्ट पूरी तरह खत्म हो गई। विमान को बिजली देने वाली आपातकालीन व्यवस्था (जिसे रैम एयर टर्बाइन या RAT कहा जाता है) भी सक्रिय हो गई थी। इसका मतलब है कि विमान को इंजन बंद होने के कारण जरूरी बिजली भी मिलनी बंद हो गई थी।
अभी तक किसी तरह की तकनीकी खराबी या डिज़ाइन में गलती का कोई सबूत नहीं मिला है, जिससे लगता है कि बोइंग 787 या इसके GE इंजन में कोई बड़ी गड़बड़ी नहीं थी। फिलहाल जाँचकर्ता यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि कहीं यह हादसा मानवीय गलती से तो नहीं हुआ। इसलिए अब ध्यान उस प्रक्रिया पर है जो उड़ान के समय पायलट द्वारा अपनाई गई थी, खासकर ईंधन नियंत्रण स्विच के इस्तेमाल को लेकर।
ब्लैक बॉक्स सुरक्षित मिले हैं और उनसे साफ व उपयोगी जानकारी मिली है, जिससे जांच में काफी मदद मिल रही है। हालांकि यह रिपोर्ट अभी शुरुआती है, यानी जांच पूरी नहीं हुई है और किसी को दोषी नहीं ठहराया गया है। अभी सिर्फ यह बताया गया है कि हादसे में क्या-क्या हुआ और किन बातों पर जांच आगे बढ़ेगी।

