CG News: रायपुर में आयोजित भारतीय आदिम जाति सेवक संघ के छत्तीसगढ़ राज्य बोर्ड के शपथ ग्रहण समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने नवनियुक्त पदाधिकारियों और सदस्यों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि राज्य सरकार जनजातीय समाज के सर्वांगीण विकास के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि नया राज्य बोर्ड आदिवासी समाज के उत्थान, उनके अधिकारों की रक्षा और सामाजिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ जनजातीय बहुल राज्य है और यहां की समृद्ध आदिवासी संस्कृति, परंपराओं एवं जीवन मूल्यों का संरक्षण सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने भारतीय आदिम जाति सेवक संघ के गौरवशाली इतिहास का उल्लेख करते हुए कहा कि देश के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद इसके प्रथम अध्यक्ष रहे थे, जबकि पूर्व प्रधानमंत्री मोरारजी देसाई ने भी इस संस्था का नेतृत्व किया था।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार जनजातीय क्षेत्रों में सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, बिजली और संचार जैसी मूलभूत सुविधाओं का तेजी से विस्तार कर रही है। उन्होंने बताया कि नियद नेल्लानार योजना के तहत 500 से अधिक गांवों तक विकास कार्य पहुंचाए गए हैं और लोगों को शासन की योजनाओं का लाभ मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर योजना के तहत दूरस्थ क्षेत्रों में घर-घर स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा है, जबकि बस्तर मुन्ने कार्यक्रम के माध्यम से सुदूर वनांचलों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार जनजातीय समाज को शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और आजीविका के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार कार्य कर रही है।
कार्यक्रम में भारतीय आदिम जाति सेवक संघ के अध्यक्ष प्रकाश कुमार उइके, कौशल्या साय, राजेश मालवीय, कुंवर जितेंद्र नरसिंह राणा सहित विभिन्न राज्यों से आए पदाधिकारी और बड़ी संख्या में सदस्य उपस्थित रहे।


