गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत गांव-गांव में आयोजित किए जा रहे सेवा सेतु शिविर ग्रामीणों तक शासकीय योजनाओं की जानकारी और उनका लाभ पहुंचाने का प्रभावी माध्यम बन रहे हैं। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के मरवाही विकासखंड के ग्राम पंचायत कटरा में आयोजित सेवा सेतु शिविर ग्राम पंचायत उषाढ़ निवासी विरेन्द्र सिंह के लिए भी मददगार साबित हुआ।
शिविर में उन्हें श्रम विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना की जानकारी मिली। योजना के तहत पात्र बच्चों की शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता मिलने की जानकारी से उनके परिवार में नई उम्मीद जगी।
शिविर में मिली योजना की जानकारी, बच्चों की पढ़ाई के लिए किया आवेदन
विरेन्द्र सिंह अपनी समस्याओं और शासकीय योजनाओं की जानकारी लेने सेवा सेतु शिविर पहुंचे थे। इसी दौरान श्रम विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने उन्हें पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों की शिक्षा में सहयोग के लिए संचालित मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के बारे में बताया।
योजना की पात्रता, मिलने वाली सहायता और आवेदन प्रक्रिया की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने अपने बच्चों के लिए योजना का लाभ लेने का निर्णय लिया और आवश्यक प्रक्रिया के तहत आवेदन किया।
एक ही स्थान पर मिली जानकारी और आवेदन का मार्गदर्शन
सेवा सेतु शिविर की खासियत यह रही कि विरेन्द्र सिंह को योजना की जानकारी और आवेदन प्रक्रिया समझने के लिए अलग-अलग सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़े।
शिविर में संबंधित विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी से उन्हें एक ही स्थान पर योजना से जुड़ी आवश्यक जानकारी और आवेदन संबंधी मार्गदर्शन मिला। इससे शासकीय योजना तक उनकी पहुंच आसान हुई।
आर्थिक कठिनाइयों के बीच बच्चों की पढ़ाई में मिलेगी मदद
विरेन्द्र सिंह ने बताया कि आर्थिक कठिनाइयों के बीच बच्चों की पढ़ाई से जुड़ी जरूरतों को पूरा करना परिवार के लिए चुनौतीपूर्ण होता है। ऐसे में मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना से मिलने वाली सहायता बच्चों की पढ़ाई जारी रखने में महत्वपूर्ण सहारा बन सकती है।
उन्होंने कहा कि गांव के नजदीक शिविर आयोजित होने से उन्हें ऐसी योजना की जानकारी मिली, जिसका लाभ उनके बच्चों की शिक्षा में उपयोगी साबित हो सकता है।
श्रमिक परिवारों के बच्चों की शिक्षा को मिल रहा प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के माध्यम से पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों को शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। योजना का उद्देश्य श्रमिक परिवारों पर बच्चों की पढ़ाई का आर्थिक भार कम करने के साथ उन्हें शिक्षा जारी रखने के लिए प्रोत्साहित करना है।
ऐसी योजनाओं से सीमित आय वाले श्रमिक परिवारों के बच्चों को शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने और बेहतर भविष्य की दिशा में कदम बढ़ाने का अवसर मिलता है।
सेवा सेतु शिविरों से ग्रामीणों के नजदीक पहुंच रही सरकारी योजनाएं
सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित सेवा सेतु शिविरों के माध्यम से विभिन्न विभागों की योजनाओं और सेवाओं को ग्रामीणों के नजदीक उपलब्ध कराया जा रहा है।
इन शिविरों में नागरिकों को योजनाओं की जानकारी देने के साथ पात्र हितग्राहियों को आवेदन और आवश्यक प्रक्रियाओं के संबंध में मार्गदर्शन भी दिया जा रहा है। इससे जानकारी के अभाव में योजनाओं से वंचित रहने वाले पात्र लोगों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से जुड़ने का अवसर मिल रहा है।
कटरा का सेवा सेतु शिविर विरेन्द्र सिंह के लिए इसी उद्देश्य को साकार करने वाला साबित हुआ। योजना की जानकारी मिलने और आवेदन की प्रक्रिया आसान होने से अब उन्हें उम्मीद है कि छात्रवृत्ति की सहायता उनके बच्चों की शिक्षा को आगे बढ़ाने में उपयोगी साबित होगी।


