बिलासपुर। छत्तीसगढ़ की न्यायधानी बिलासपुर से ठगी और बदले की एक हैरान करने वाली कहानी सामने आई है। यहां 2.50 लाख रुपये को 2.50 करोड़ बनाने का झांसा देने वाला कथित तांत्रिक खुद अपने शिकारों के हाथों लूट का शिकार हो गया। रतनपुर थाना क्षेत्र में हुई इस घटना में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से लूटी गई कार, मोबाइल फोन और नकद राशि बरामद की है।
मारपीट कर कार, मोबाइल और नकदी लूटी
कोरबा जिले के दीपका निवासी विजय कुमार राज ने 1 फरवरी को रतनपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि 31 जनवरी की रात वह अपनी तीन महिला रिश्तेदारों के साथ कार से बिल्हा मेला से लौट रहा था। इसी दौरान रतनपुर के पास एक ढाबे पर रुकने के दौरान दो कारों में सवार चार युवकों ने उसके साथ मारपीट की और कार, मोबाइल फोन तथा 8 हजार रुपये नकद लूटकर फरार हो गए।
जांच में खुली ठगी की पूरी सच्चाई
शिकायत के बाद पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान सरगुजा और कोरिया जिले से चार आरोपियों —
विद्याराम दास (43), रामसुंदर (32), राजीव सिंह (37) और गुलशन कुजूर — को गिरफ्तार किया गया।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि विजय कुमार राज ने तंत्र-मंत्र के जरिए 2.50 लाख रुपये को 2.50 करोड़ रुपये बनाने का झांसा दिया था। इसी लालच में उन्होंने उसे पैसे दिए, लेकिन न तो रकम बढ़ी और न ही पैसे वापस मिले। खुद को ठगा हुआ महसूस करने पर आरोपियों ने बदला लेने की योजना बनाई और लूट की वारदात को अंजाम दिया।
अब तांत्रिक पर भी शिकंजा
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मधुलिका सिंह ने बताया कि लूट की रिपोर्ट दर्ज कराने वाला व्यक्ति खुद ठगी के गंभीर आरोपों में घिर गया है। उसने तंत्र-मंत्र के नाम पर की गई ठगी की जानकारी छिपाई थी। अब उसके खिलाफ भी ठगी का मामला दर्ज कर लिया गया है और गिरफ्तारी की प्रक्रिया जारी है। पुलिस के अनुसार मामले की विवेचना जारी है और सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है।


