रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर नवा रायपुर का आसमान भारतीय वायु सेना के शौर्य, साहस और अद्भुत उड़ान कौशल का साक्षी बना। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नवा रायपुर स्थित सेंध लेक में भारतीय वायु सेना की विश्वप्रसिद्ध सारंग एयरोबेटिक डिस्प्ले टीम की फुल ड्रेस रिहर्सल देखी। इस दौरान आकाशगंगा स्काईडाइविंग टीम, गरुड़ कमांडोज और सारंग हेलीकॉप्टर टीम के जवानों ने साहसिक करतबों और उत्कृष्ट समन्वय का प्रदर्शन किया।
पांच हेलीकॉप्टरों की आकर्षक फॉर्मेशन, रोमांचकारी क्रॉसओवर करतब, आसमान में तिरंगे की छटा और ‘वंदे मातरम्’ की गूंज ने उपस्थित दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रदर्शन के दौरान सारंग टीम के ग्रुप कैप्टन अभिजीत कुमार ने कॉकपिट से ‘छत्तीसगढ़िया सबले बढ़िया’ का उद्घोष कर प्रदेशवासियों का अभिवादन किया।
सारंग टीम का प्रदर्शन अनुशासन और आपसी विश्वास की मिसाल : मुख्यमंत्री साय
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने भारतीय वायु सेना के जवानों के शानदार प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर सारंग टीम का आयोजन प्रदेशवासियों के लिए गौरव और प्रसन्नता का विषय है।
उन्होंने कहा कि वायु वीरों ने जिस साहस, अनुशासन, आत्मविश्वास और सटीक समन्वय के साथ अपने कौशल का प्रदर्शन किया, वह प्रत्येक नागरिक और विशेषकर युवाओं के लिए प्रेरणादायी है। यह केवल रोमांचकारी हवाई करतब नहीं, बल्कि भारतीय वायु सेना की उत्कृष्ट क्षमता, कठिन प्रशिक्षण, समर्पण और राष्ट्रसेवा की भावना का जीवंत उदाहरण है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हेलीकॉप्टरों की आकर्षक फॉर्मेशन और साहसिक करतबों के पीछे विस्तृत योजना, निरंतर अभ्यास, गहरी एकाग्रता और असाधारण तालमेल होता है। प्रत्येक पायलट को अपनी भूमिका के साथ-साथ अपने साथियों की गतिविधियों का भी ध्यान रखना पड़ता है। सारंग टीम का प्रदर्शन संदेश देता है कि अनुशासन, समर्पण, सामूहिक प्रयास और आपसी विश्वास से कठिन से कठिन लक्ष्य हासिल किए जा सकते हैं।
उन्होंने प्रदेशवासियों को राज्य स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कामना की कि छत्तीसगढ़ निरंतर विकास, प्रगति और समृद्धि की नई ऊंचाइयों को छुए।
आकाशगंगा टीम ने पैराशूट से छलांग लगाकर दिखाया साहस
हवाई प्रदर्शन की शुरुआत भारतीय वायु सेना की आकाशगंगा स्काईडाइविंग टीम ने की। टीम के जवानों ने ऊंचे आसमान से छलांग लगाकर पैराशूट को कुशलतापूर्वक नियंत्रित किया और सेंध लेक के सामने निर्धारित स्थान पर सटीक लैंडिंग की।
जवानों के संतुलन, साहस और नियंत्रण को देखकर दर्शकों ने तालियों से उनका उत्साहवर्धन किया। इस प्रस्तुति में भारतीय वायु सेना के जवानों की शारीरिक दक्षता, मानसिक दृढ़ता और कठिन प्रशिक्षण की झलक देखने को मिली।
गरुड़ कमांडोज ने किया रेस्क्यू और कॉम्बैट ऑपरेशन का प्रदर्शन
आकाशगंगा टीम के बाद भारतीय वायु सेना के गरुड़ कमांडोज ने एमआई-17 हेलीकॉप्टर से स्लिदरिंग का प्रदर्शन किया। हवा में स्थिर हेलीकॉप्टर से रस्सियों के सहारे नीचे उतरते जवानों ने चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में अपनी दक्षता दिखाई।
इसके बाद कमांडोज ने सेंध लेक के सामने रेस्क्यू और कॉम्बैट ऑपरेशन का प्रदर्शन किया तथा मंच को सलामी दी। इस प्रस्तुति के माध्यम से विशेष बलों की त्वरित कार्रवाई, साहसिक प्रशिक्षण और परिचालन क्षमता का परिचय मिला।
सारंग के पांच हेलीकॉप्टरों की फॉर्मेशन ने थाम दीं दर्शकों की सांसें
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम का प्रदर्शन रहा। ग्रुप कैप्टन अभिजीत कुमार के नेतृत्व में पांच हेलीकॉप्टरों ने नवा रायपुर के आसमान में आकर्षक फॉर्मेशन और रोमांचकारी हवाई करतब प्रस्तुत किए।
पायलटों ने अत्यंत सटीक नियंत्रण, संतुलन और बेहतरीन तालमेल के साथ हेलीकॉप्टरों को उड़ाया। कभी पांचों हेलीकॉप्टर एक-दूसरे के करीब आते दिखाई दिए, तो कभी अलग-अलग दिशाओं में उड़ान भरने के बाद दोबारा निर्धारित फॉर्मेशन में एक साथ आ गए।
प्रदर्शन के दौरान हेलीकॉप्टरों के एक-दूसरे के बेहद करीब से गुजरने वाले क्रॉसओवर करतब ने दर्शकों की सांसें थाम दीं। हर नई फॉर्मेशन के साथ दर्शकों का उत्साह बढ़ता गया और पूरा परिसर तालियों से गूंजता रहा।
मुख्यमंत्री श्री साय ने भी इस प्रदर्शन को उत्साहपूर्वक देखा और पायलटों के साहस, अनुशासन तथा उत्कृष्ट समन्वय की सराहना की।
कॉकपिट से गूंजा ‘छत्तीसगढ़िया सबले बढ़िया’
राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर सारंग टीम ने छत्तीसगढ़ के प्रति विशेष स्नेह और सम्मान भी प्रदर्शित किया। हवाई प्रदर्शन के दौरान ग्रुप कैप्टन अभिजीत कुमार ने हेलीकॉप्टर के कॉकपिट से ‘छत्तीसगढ़िया सबले बढ़िया’ का उद्घोष कर प्रदेशवासियों का अभिवादन किया।
आसमान से गूंजे इस आत्मीय संदेश ने दर्शकों का उत्साह दोगुना कर दिया। प्रदेश की पहचान और जनभावनाओं से जुड़ा यह क्षण कार्यक्रम के यादगार पलों में शामिल रहा।
तिरंगे की फॉर्मेशन और ‘वंदे मातरम्’ से देशभक्ति के रंग में रंगा आसमान
हवाई प्रदर्शन के अंतिम चरण में सारंग टीम ने ‘वंदे मातरम्’ की गूंज के बीच तिरंगे की मनमोहक फॉर्मेशन प्रस्तुत की। हेलीकॉप्टरों के सटीक तालमेल और आसमान में तिरंगे के रंगों की छटा ने पूरे वातावरण को राष्ट्रीय गौरव और देशभक्ति की भावना से भर दिया।
इस शानदार प्रस्तुति के साथ हवाई प्रदर्शन का यादगार समापन हुआ।
अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी पहचान बना चुकी है सारंग टीम
भारतीय वायु सेना की सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम अपने सुनियोजित हवाई करतबों, आकर्षक फॉर्मेशनों और उत्कृष्ट उड़ान कौशल के लिए जानी जाती है। टीम पांच हेलीकॉप्टरों के साथ एयरोबेटिक प्रदर्शन करती है।
सारंग टीम जर्मनी, यूनाइटेड किंगडम, मॉरीशस, रूस और मिस्र सहित कई देशों में अपने हवाई प्रदर्शन प्रस्तुत कर चुकी है। अंतरराष्ट्रीय मंचों पर इसकी प्रस्तुतियों ने भारतीय वायु सेना की दक्षता, तकनीकी कौशल और अनुशासन का परिचय दिया है।
2 नवंबर को सेंध लेक में होगा सारंग टीम का मुख्य प्रदर्शन
आज आयोजित फुल ड्रेस रिहर्सल के बाद 2 नवंबर को नवा रायपुर के सेंध लेक में भारतीय वायु सेना की सारंग एयरोबेटिक डिस्प्ले टीम मुख्य हवाई प्रदर्शन प्रस्तुत करेगी। कार्यक्रम में आकाशगंगा स्काईडाइविंग टीम, गरुड़ कमांडोज और सारंग टीम की प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहेंगी।
इस अवसर पर खाद्य मंत्री दयालदास बघेल, कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, विधायक धरमलाल कौशिक, श्रीमती कौशल्या साय सहित जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक, भारतीय वायु सेना के अधिकारी और बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे।

