रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में वर्ष 2025 की अंतिम मंत्रिपरिषद बैठक संपन्न हुई। इस महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठक में प्रशासन, कृषि, वन उत्पाद, उद्योग, पुलिस व्यवस्था और वित्तीय प्रबंधन से जुड़े कई बड़े फैसलों पर मुहर लगी है। इन निर्णयों का सीधा असर आम जनता, किसानों, मिलर्स, निवेशकों और राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था पर पड़ेगा।
23 जनवरी से रायपुर में लागू होगी पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली, कानून-व्यवस्था को मिलेगी मजबूती
मंत्रिपरिषद ने रायपुर महानगरीय पुलिस जिले में 23 जनवरी से पुलिस आयुक्त (कमिश्नरेट) प्रणाली लागू करने का निर्णय लिया है। इससे राजधानी में कानून-व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ होगी तथा पुलिस को त्वरित निर्णय लेने का अधिकार मिलेगा।
राइस मिलर्स को बड़ी राहत, बैंक गारंटी पर स्टाम्प शुल्क में भारी कटौती
कैबिनेट ने प्रदेश में कस्टम मिलिंग के लिए धान उपार्जन और परिवहन से संबंधित गतिविधियों में राइस मिलर्स द्वारा दी जाने वाली बैंक गारंटी पर देय स्टाम्प शुल्क को 0.25 प्रतिशत से घटाकर मात्र 0.05 प्रतिशत करने का अहम फैसला लिया है। इससे राइस मिलर्स पर वित्तीय बोझ कम होगा।
तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों के हित में बड़ा निर्णय, 2026 के लिए ऋण पर राज्य सरकार की गारंटी
मंत्रिपरिषद ने वर्ष 2026 में तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों से 5500 रुपये प्रति मानक बोरा की दर से तेंदूपत्ता खरीदी के लिए ऋण लेने पर राज्य शासन की गारंटी देने की अनुमति दी है। इससे वन आश्रित परिवारों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी।
कोदो, कुटकी और रागी की खरीदी को बढ़ावा, लघु वनोपज संघ को कार्यशील पूंजी की मंजूरी
कैबिनेट ने कोदो, कुटकी और रागी जैसे पोषक अनाजों की खरीदी, प्रसंस्करण और बिक्री के लिए छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज संघ को कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराने की अनुमति दी है।
लघु वनोपज संघ को 30 करोड़ रुपये का ब्याज मुक्त ऋण, वन उत्पाद कारोबार को मिलेगा बल
मंत्रिपरिषद ने अराष्ट्रीयकृत लघु वनोपज के क्रय, भंडारण, प्रसंस्करण, मूल्य संवर्धन और विपणन के लिए छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज संघ को एक बार के लिए 30 करोड़ रुपये का ब्याज मुक्त ऋण देने का निर्णय लिया है।
55.69 करोड़ के ऋण की अदायगी को मंजूरी, राज्य पर वित्तीय बोझ होगा कम
कैबिनेट ने छत्तीसगढ़ राज्य अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम द्वारा राष्ट्रीय निगमों से लिए गए ऋणों की पूर्ण अदायगी के लिए 55.69 करोड़ रुपये के बजट प्रावधान को मंजूरी दी है। इससे राज्य को हर साल लगने वाला लगभग 2.40 करोड़ रुपये का ब्याज भार समाप्त होगा।
229.91 करोड़ की गारंटी देनदारी भी होगी खत्म, वित्तीय अनुशासन को मिलेगा बढ़ावा
ऋण की पूरी अदायगी के बाद राष्ट्रीय निगमों से एनओसी मिलने पर राज्य शासन की 229.91 करोड़ रुपये की लंबित गारंटी देनदारी भी समाप्त हो जाएगी, जिससे भविष्य के अनावश्यक खर्च से बचत होगी।
उसना मिलिंग पर प्रोत्साहन राशि दोगुनी, मिलर्स को मिलेगा सीधा लाभ
मंत्रिपरिषद ने उसना मिलिंग पर दी जाने वाली प्रोत्साहन राशि को 20 रुपये प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 40 रुपये प्रति क्विंटल करने का निर्णय लिया है। साथ ही अब सभी मिलर्स को प्रोत्साहन राशि के लिए न्यूनतम 3 माह की जगह केवल 2 माह की मिलिंग करनी होगी।
औद्योगिक विकास नीति 2024-30 में संशोधन, निवेश और रोजगार को मिलेगा नया आयाम
कैबिनेट ने औद्योगिक विकास नीति 2024-30 में संशोधन को मंजूरी दी है। इससे प्रचार-प्रसार, विशेषज्ञों की नियुक्ति और सेवा गतिविधि प्रमाणपत्र जारी करने से जुड़ी विसंगतियां दूर होंगी। इससे राज्य में गुणवत्तापूर्ण निवेश और स्थायी रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
ऑटो एक्सपो में वाहन खरीद पर बड़ी छूट, लाइफ टाइम रोड टैक्स में 50 प्रतिशत राहत
मंत्रिपरिषद ने 20 जनवरी से 5 फरवरी तक रायपुर के साइंस कॉलेज ग्राउंड में आयोजित 9वें ऑटो एक्सपो के दौरान बिकने वाले वाहनों पर लाइफ टाइम रोड टैक्स में 50 प्रतिशत छूट देने का निर्णय लिया है। यह छूट पूरे प्रदेश के वाहन विक्रेताओं और खरीदारों को लाभ पहुंचाएगी।
पुलिस मुख्यालय में नए पद का सृजन, प्रशासनिक व्यवस्था होगी मजबूत
कैबिनेट द्वारा नवा रायपुर अटल नगर स्थित पुलिस मुख्यालय में विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी का एक नया पद वेतन मैट्रिक्स लेवल-14 पर एक वर्ष की अवधि के लिए स्थायी रूप से सृजित करने की स्वीकृति दी गई है।
साय कैबिनेट के फैसलों से प्रशासन, अर्थव्यवस्था और जनकल्याण को मिलेगी नई दिशा
कुल मिलाकर साल की आखिरी साय कैबिनेट बैठक में लिए गए इन फैसलों से राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत होगी, आर्थिक बोझ घटेगा और किसानों, मिलर्स, वनवासी तथा आम जनता को सीधा लाभ मिलेगा।

