रायपुर। रायपुर में अधिकारी-कर्मचारी फाउंडेशन के बैनर तले अधिकारी और कर्मचारी अपनी 11 सूत्रीय मांगों को लेकर बीते तीन दिनों से कलम बंद कर आंदोलन कर रहे हैं। हड़ताल के अंतिम दिन कर्मचारियों ने रैली निकालकर SDM को ज्ञापन सौंपा और सरकार से मोदी की गारंटी लागू करने की मांग की।
इस आंदोलन में प्रदेश के 125 मान्यता प्राप्त और गैर-मान्यता प्राप्त संगठनों के अधिकारी-कर्मचारी शामिल रहे। प्रदर्शनकारियों ने धरना स्थल से रैली की शक्ल में SDM कार्यालय तक मार्च किया और शासन-प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
कर्मचारियों ने ज्ञापन के माध्यम से सरकार को चेतावनी दी है कि यदि उनकी जायज मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया, तो वे राजधानी रायपुर में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाएंगे। इसके बाद आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा।
कर्मचारियों का कहना है कि सरकार बने दो वर्ष से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक चुनावी घोषणा पत्र में किए गए वादों को पूरा नहीं किया गया है। मोदी की गारंटी के तहत लंबित महंगाई भत्ता एरियर्स के रूप में नहीं दिया गया है।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में केंद्र के समान देय तिथि से महंगाई भत्ता, डीए एरियर्स का भुगतान, पिंगुआ समिति की रिपोर्ट सार्वजनिक करना, चार स्तरीय वेतनमान लागू करना और कैशलेस चिकित्सा सुविधा जैसी मांगें शामिल हैं।
कर्मचारियों ने साफ कहा है कि यदि उनकी पेंडिंग मांगों पर सरकार ने जल्द निर्णय नहीं लिया, तो आने वाले दिनों में आंदोलन और तेज किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।

