महासमुंद। राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) के नियमों के उल्लंघन से जुड़ी खबर सामने आने के बाद महासमुंद जिला कृषि विभाग विवादों में घिर गया है। कृषि विभाग कार्यालय परिसर में कूड़ा जलाए जाने से संबंधित खबर webmorcha.com पर प्रकाशित होने के बाद उप संचालक कृषि फागुराम कश्यप और webmorcha के पत्रकार के बीच हुई फोन बातचीत अब चर्चा का विषय बन गई है।
webmorcha.com के पत्रकार एवं वेबसाइट संचालक के अनुसार, खबर प्रकाशित होने के बाद उप संचालक कृषि की ओर से एक मिस कॉल प्राप्त हुई थी। इसके बाद रात करीब 8 बजकर 30 मिनट पर जब रिटर्न कॉल किया गया, तो बातचीत के दौरान NGT नियमों के उल्लंघन से जुड़े सवाल पूछे गए। आरोप है कि इस दौरान अधिकारी द्वारा कथित तौर पर अमर्यादित, आपत्तिजनक और दबाव बनाने वाली भाषा का प्रयोग किया गया।
बताया गया है कि इस पूरी बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग webmorcha.com के पास सुरक्षित है, जिसे पत्रकार द्वारा अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड किया गया है। ऑडियो में कचरा निपटान, नियमों के पालन, देर रात फोन कॉल और पत्रकारिता को लेकर दिए गए कथित आपत्तिजनक बयान शामिल होने का दावा किया गया है।
इस पूरे घटनाक्रम ने सरकारी अधिकारियों के आचरण और प्रेस की स्वतंत्रता को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। पत्रकार संगठनों और जागरूक नागरिकों का कहना है कि मामला केवल NGT नियमों के उल्लंघन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रेस की स्वतंत्रता और जवाबदेही से भी जुड़ा हुआ है।
फिलहाल उप संचालक कृषि फागुराम कश्यप या कृषि विभाग की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। वहीं webmorcha.com की ओर से यह स्पष्ट किया गया है कि संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर दिया जाएगा। अब निगाहें जिला प्रशासन और कृषि विभाग की आगे की कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।

