रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की जनहितकारी हाफ बिजली बिल योजना का प्रभाव अब बिजली उपभोग के आंकड़ों में भी दिखाई देने लगा है। रायपुर सिटी रीजन के जून और जुलाई 2026 के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार जुलाई महीने में बिजली की कुल खपत में 31.91 प्रतिशत की उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है।
आंकड़ों के मुताबिक जून 2026 में कुल बिजली खपत 131.27 मिलियन यूनिट (एमयू) थी, जो जुलाई में घटकर 89.38 मिलियन यूनिट रह गई।
विश्लेषण में सामने आया है कि अधिक बिजली उपयोग करने वाले उपभोक्ताओं की संख्या और उनकी खपत दोनों में कमी आई है। 600 यूनिट से अधिक बिजली उपयोग करने वाले उपभोक्ताओं की संख्या 64.23 प्रतिशत घटी, जबकि उनकी बिजली खपत में 38.13 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई। वहीं 401 से 600 यूनिट श्रेणी में उपभोक्ताओं की संख्या 33.99 प्रतिशत और बिजली खपत 32.58 प्रतिशत कम हुई।
आधिकारिक विश्लेषण के अनुसार राज्य सरकार की हाफ बिजली बिल योजना का सकारात्मक असर उपभोक्ताओं के बिजली उपयोग के पैटर्न पर भी देखने को मिला है। जून में 400 यूनिट तक बिजली उपयोग करने वाले उपभोक्ताओं की संख्या 1,96,777 थी, जो जुलाई में बढ़कर 2,56,471 हो गई। यानी इस श्रेणी में 30.34 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
वहीं 400 यूनिट से अधिक बिजली उपयोग करने वाले उपभोक्ताओं की संख्या 1,20,615 से घटकर 60,921 रह गई, जो लगभग 50 प्रतिशत की कमी है। इससे संकेत मिलता है कि बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं ने बिजली की खपत को 400 यूनिट के भीतर रखने का प्रयास किया ताकि उन्हें शासन की राहतकारी योजना का लाभ मिल सके।
आंकड़ों के अनुसार 0 से 100 यूनिट श्रेणी में उपभोक्ताओं की संख्या 53.12 प्रतिशत तथा 101 से 200 यूनिट श्रेणी में 51.79 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।
ऊर्जा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि बिजली खपत में कमी के पीछे गर्मी का मौसम समाप्त होना, एयर कंडीशनर और कूलर जैसे उपकरणों का कम उपयोग, ऊर्जा संरक्षण के प्रति बढ़ती जागरूकता तथा राज्य सरकार की जनहितकारी योजनाओं का संयुक्त प्रभाव है।
विभाग के अनुसार आधिकारिक आंकड़े यह भी स्पष्ट करते हैं कि बड़ी संख्या में उपभोक्ता अब 400 यूनिट तक की श्रेणी में आ गए हैं, जिससे उन्हें हाफ बिजली बिल योजना का सीधा लाभ मिल रहा है। विभाग ने यह भी कहा है कि उपलब्ध आंकड़ों के आधार पर स्मार्ट मीटर को लेकर फैल रही विभिन्न भ्रांतियों की पुष्टि नहीं होती।


