रायपुर। छत्तीसगढ़ के शहरों को स्वच्छ, सुंदर, हरित और नागरिक सुविधाओं से युक्त बनाने की दिशा में राज्य सरकार लगातार काम कर रही है। इसी क्रम में मिशन अमृत 2.0 के तहत अहिवारा, मुंगेली और कांकेर नगर पालिका क्षेत्रों में आधुनिक उद्यान विकसित किए जाएंगे। तीनों उद्यानों के निर्माण के लिए कुल ₹7 करोड़ 29 लाख 24 हजार की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि प्रदेश के नगरीय क्षेत्रों में नागरिकों को बेहतर और सुविधायुक्त जीवन उपलब्ध कराना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। शहरों में ऐसे सार्वजनिक स्थलों का विकास किया जा रहा है, जहां हरियाली के साथ बच्चों, युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों के लिए खेल, व्यायाम, पैदल भ्रमण और विश्राम की सुविधाएं उपलब्ध हों।
एक साल में पूरा करने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री साय के मार्गदर्शन और उप मुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव के निर्देशन में स्वीकृत इन उद्यानों का निर्माण एक वर्ष के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
अहिवारा, मुंगेली और कांकेर में विकसित होने वाले उद्यानों में कुल 8,732 पौधे लगाए जाएंगे। बच्चों के लिए प्ले-एरिया एवं खेल उपकरण, युवाओं और नागरिकों के लिए ओपन जिम, पाथवे, बैठने एवं विश्राम स्थल, प्रकाश व्यवस्था, टॉयलेट ब्लॉक और गजेबो जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
पर्यावरण संरक्षण और जल संवर्धन को ध्यान में रखते हुए उद्यानों में वर्षा जल संचयन की व्यवस्था भी की जाएगी।
पांच वर्षों तक होगा रख-रखाव
निर्माण के बाद उद्यानों के बेहतर रख-रखाव पर भी विशेष ध्यान दिया गया है। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद पांच वर्षों तक चयनित निर्माण एजेंसी द्वारा इन परिसरों का संचालन एवं संधारण किया जाएगा।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि तेजी से विकसित हो रहे शहरों में अधोसंरचना विस्तार के साथ पर्यावरण और नागरिकों के जीवन की गुणवत्ता का ध्यान रखना भी जरूरी है। ये उद्यान केवल हरित क्षेत्र नहीं, बल्कि बच्चों, युवाओं, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों के लिए उपयोगी सार्वजनिक स्थल के रूप में विकसित होंगे।
हरित और सुविधायुक्त शहरों पर जोर
उप मुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री अरुण साव ने कहा कि सरकार नगरीय क्षेत्रों को स्वच्छ, सुंदर, हरित और सुविधायुक्त बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। मिशन अमृत 2.0 के तहत विकसित होने वाले इन उद्यानों से शहरों में हरित क्षेत्र बढ़ने के साथ नागरिकों को मनोरंजन, व्यायाम और विश्राम के लिए बेहतर सार्वजनिक स्थल मिलेंगे।
उन्होंने कहा कि निर्माण के साथ लंबे समय तक बेहतर रख-रखाव सुनिश्चित करना भी सरकार की प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से पांच वर्षों तक संचालन एवं संधारण की व्यवस्था की गई है।
अहिवारा में ₹2.07 करोड़ से बनेगा उद्यान
अहिवारा नगर पालिका के वार्ड क्रमांक-01 स्थित शीतला मंदिर क्षेत्र में 0.52 एकड़ भूमि पर आधुनिक उद्यान विकसित किया जाएगा। इसके लिए ₹2 करोड़ 7 लाख 48 हजार की स्वीकृति दी गई है।
उद्यान में करीब 2,115 पौधे लगाए जाएंगे। यहां सोलर लाइट, बच्चों के लिए खेल क्षेत्र, ओपन जिम, बैठने एवं विश्राम स्थल, पाथवे, टॉयलेट ब्लॉक, गजेबो और वर्षा जल संचयन की सुविधा विकसित की जाएगी।
मुंगेली में ₹3.52 करोड़ से विकसित होगा सबसे बड़ा उद्यान
मुंगेली नगर पालिका के पेंड्राकांपा स्थित महाराणा प्रताप वार्ड में 3.08 एकड़ क्षेत्र में उद्यान विकसित किया जाएगा। इसके लिए ₹3 करोड़ 52 लाख 32 हजार स्वीकृत किए गए हैं।
तीनों परियोजनाओं में क्षेत्रफल की दृष्टि से यह सबसे बड़ा उद्यान होगा। यहां करीब 4,453 पौधे लगाए जाएंगे। प्ले-एरिया, खेल उपकरण, ओपन जिम, बैठने की सुविधा, पाथवे, टॉयलेट ब्लॉक, गजेबो, प्रकाश व्यवस्था और रेन वाटर हार्वेस्टिंग की सुविधा उपलब्ध होगी।
कांकेर में ₹1.69 करोड़ से बनेगा आधुनिक उद्यान
कांकेर नगर पालिका के वार्ड क्रमांक-09 श्रीराम नगर में 0.72 एकड़ भूमि पर उद्यान विकसित किया जाएगा। इसके निर्माण के लिए ₹1 करोड़ 69 लाख 44 हजार की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है।
उद्यान में करीब 2,164 पौधे लगाए जाएंगे। यहां बच्चों के लिए प्ले-इक्विपमेंट, ओपन जिम, पाथवे, बैठने एवं विश्राम स्थल, सोलर लाइट, टॉयलेट ब्लॉक, गजेबो और रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
गुणवत्ता और समयसीमा पर विशेष जोर
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने बताया कि मिशन अमृत 2.0 के माध्यम से नगरीय क्षेत्रों में हरित अधोसंरचना मजबूत करने और नागरिकों के लिए गुणवत्तापूर्ण सार्वजनिक स्थल विकसित करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्माण कार्य निर्धारित मापदंडों के अनुरूप गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए हैं, ताकि स्थानीय नागरिकों को जल्द इन सुविधाओं का लाभ मिल सके।

