ईरानी नेवी के एक अधिकारी ने 4 मार्च की घटना को याद करते हुए बड़ा खुलासा किया है।
अधिकारी के मुताबिक, हमले के दौरान टॉरपीडो से युद्धपोत को भारी नुकसान पहुंचा। जहाज का प्रोपेलर पूरी तरह नष्ट हो गया और वह आग की चपेट में आ गया।
बताया जा रहा है कि इस हमले के बाद जहाज को गंभीर क्षति हुई और स्थिति काफी भयावह हो गई थी।
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब ईरान और अमेरिका के बीच तनाव लगातार बना हुआ है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की घटनाएं क्षेत्रीय सुरक्षा और वैश्विक राजनीति पर बड़ा असर डाल सकती हैं।


